KAZUKIN को इऑन मॉल पसंद है।

ख़ासकर बारिश वाले दिन, तेज़ हवा वाले दिन, बहुत गरम दिन, बहुत ठंडे दिन।

यानी जिस मौसम में बाहर निकलने का मन न हो, उतना ही इऑन मॉल चमकता है।

मौसम की परवाह से मुक्त विशाल शहर

पार्किंग में गाड़ी खड़ी करो, और भीतर एक क़दम रखो तो वहाँ मौसम की परवाह से मुक्त विशाल शहर है।

बारिश नहीं होती।
हवा नहीं चलती।
गर्मी में ठंडा, सर्दी में गरम।

सभ्यता का मतलब यही है।

सबने एक ही योजना बनाई है

लंबी छुट्टियों के आख़िरी दिन जैसे मौक़ों पर इऑन मॉल काफ़ी भरा रहता है।

सब एक ही तरह सोचते होंगे।

दूर जाने जितनी ताक़त नहीं बची।
पर घर पर ही दिन बिता देना भी थोड़ा सूना लगता है।

तो पास के इऑन मॉल जाओ, ठीक-ठाक घूमो, और शाम को झट निकल पड़ने की तैयारी रखो।

परफ़ेक्ट योजना।

और सबने एक ही योजना बनाई, नतीजा पार्किंग भर जाती है।

योजना पूरी तरह पढ़ ली गई।

बच्चों के लिए, थीम पार्क

आउटलेट भी अच्छा है।

नामी ब्रांडों को देखते हुए टहलना ही मन ऊँचा कर देता है, और सस्ती चीज़ खोजने का मज़ा भी है।

पर छोटे बच्चों वाले परिवारों के प्रति तत्परता के मामले में इऑन मॉल आगे निकल जाएगा, ऐसा नहीं लगता?

सिनेमा हॉल है।
गेम सेंटर है।
खिलौने भी हैं।
स्टेशनरी भी है।
किताबों की दुकान भी है।
फ़ूड कोर्ट भी है।

थोड़ा चलो तो आइसक्रीम भी है।

बच्चों के लिए तो यह लगभग थीम पार्क है।

माता-पिता कपड़े देख रहे हों और बच्चा ऊब रहा हो तब भी,

"चलो, अब गेम सेंटर चलें"

इस एक वाक्य से सौदा तय हो जाता है।

विकल्प ज़्यादा होना ताक़त है।

ख़रीदारी से ऊब गए तो सिनेमा है।
सिनेमा में दिलचस्पी न हो तो गेम है।
गेम न खेलो तो स्टेशनरी है।

एक रबड़ चुनने में इतना वक़्त क्यों लगता है, यह पता नहीं।

पर बच्चे ख़ुश दिखते हैं।

ऐसी बढ़िया जगहें देश भर में उपलब्ध कराने वाले इऑन के प्रति आभार के सिवा कुछ नहीं।

तो लोकप्रियता भी बढ़ेगी।
ग्राहक भी बढ़ेंगे।

और ग्राहक बढ़ें तो, ज़ाहिर है, लड़ाई भी शुरू होती है।

हाँ।

फ़ूड कोर्ट में सीट पकड़ना।

फ़ूड कोर्ट की, शांत जंग

दोपहर का फ़ूड कोर्ट अब खाना खाने की जगह नहीं रहा।

ख़ाली सीट खोजने वाले।
खाना लाने वाले।
परिवार का इंतज़ार करने वाले।
सीट पक्की करके चुपचाप जीत का स्वाद लेने वाले।

तरह-तरह के इरादे आपस में उलझे विशाल रणक्षेत्र है।

उदोन की ट्रे लिए सीट का इंतज़ार करते KAZUKIN। पीछे फ़ूड कोर्ट में हाथ से लिखा "अब होगी", "अभी नहीं", "ख़ाली होने वाली है", और दीवार पर "ख़ाली होती नहीं लगती…"
अब होगी, अभी नहीं, ख़ाली होती नहीं लगती……।

खाना ख़त्म करने ही वाले परिवार के पास इंतज़ार करने वाले ग्राहक खड़े हैं।

पहले थोड़ी दूर से हालात देखते हैं।

पर जब पेय आधा रह जाता है, एक क़दम पास आ जाते हैं।

ट्रे का कचरा समेटना शुरू हो तो, एक और क़दम।

बच्चा उठ खड़ा हो तो, दूरी एकदम सिमट जाती है।

धीरे-धीरे फ़ासला घटाते आते हैं।

……पहले "फ्रूट बास्केट" नाम का कोई खेल हुआ करता था।

यह याद आ जाता है।

खेल हो तो हँसते हुए सीट छीनी जा सकती है।

पर फ़ूड कोर्ट में उन सबकी आँखें हँस नहीं रहीं।

शिकार पर हैं।

पूरी तरह, अगली सीट पर नज़र है।

खाना ख़त्म करने वाला पक्ष भी उस नज़र को भाँप लेता है।

"अभी निकल रहे हैं……"

यह कहता भी नहीं, पर झिझकते हुए ट्रे उठाकर चुपचाप सीट छोड़ देता है।

थोड़ा और आराम करना चाहता होगा।
फ़ोन भी देखना चाहता होगा।
खाने के बाद के सुकून में डूबना चाहता होगा।

बेचारा……।

सीट ख़ाली होते ही इंतज़ार करता परिवार लपककर बैठ जाता है।

पर निश्चिंत नहीं होना चाहिए।

उसी सीट पर नज़र गड़ाए किसी और परिवार से आँखें भी टकरा सकती हैं।

पल भर की ख़ामोशी।

और फिर शुरू होती है, बिना शब्दों की बातचीत।

"हम पहले से इंतज़ार कर रहे थे ना"
"नहीं, हम ज़्यादा पास थे ना"

कोई आवाज़ में नहीं कहता।

पर आँखें ही सब कुछ कह देती हैं।

KAZUKIN को यह सीट पकड़ना पसंद नहीं।

ख़ाली होने वाली सीट के बग़ल में इंतज़ार करना भी नापसंद।
दूसरे परिवारों से होड़ करना भी नापसंद।
खाना खा चुके लोगों पर दबाव डालना भी नापसंद।

नतीजा, कई चक्कर लगाता हूँ।

उदोन लिए-लिए घूमता हूँ।
रामेन लिए-लिए घूमता हूँ।

ऐसे में खाना धीरे-धीरे ठंडा होता जाता है।

सीट मिलती नहीं।
बाँह थक जाती है।

और सोचता हूँ।

"क्या गाड़ी में ही खा लूँ……"

पर गाड़ी दूर है।

इऑन मॉल विशाल है।

सारांश

फिर भी KAZUKIN दोबारा इऑन मॉल की ओर चल पड़ता है।

मौसम की फ़िक्र किए बिना घूम सकते हैं, ख़रीदारी कर सकते हैं, खा सकते हैं, और बच्चे भी ख़ुश रहते हैं।

कुछ ख़ास न ख़रीदो तब भी, भीतर एक चक्कर लगाने भर से जाने क्यों छुट्टी का मज़ा पूरा हुआ लगता है।

इऑन मॉल।

पास में बिताई छुट्टी का, ज़रूरत से ज़्यादा भरोसेमंद साथी है।

बस दोपहर के फ़ूड कोर्ट में, तैयार होकर ही उतरना चाहिए।

KAZUKIN आज भी ख़ाली सीट ढूँढते हुए चुपचाप बुदबुदाता है।

इऑन मॉल बढ़िया है ना।

KAZUKIN स्टाइल रेटिंग

  • ☔ मौसम से बेपरवाह सर्व-सुविधा ★★★★★
  • 🅿️ लंबी छुट्टी के आख़िरी दिन की पार्किंग जंग ★★☆☆☆
  • 🎮 बच्चों के थीम पार्क की डिग्री ★★★★★
  • 🍽️ फ़ूड कोर्ट में सीट पकड़ने की कठिनाई ★☆☆☆☆
  • 👪 परिवार के प्रति तत्परता (आउटलेट की तुलना में) ★★★★★

*यह लेख निजी राय है। इऑन मॉल से इसका कोई संबंध नहीं है। मैं बस इऑन मॉल पसंद करने वाला ग्राहक हूँ। दुकानों के नाम और जानकारी लिखते समय की है और बदल सकती है। ट्रेडमार्क संबंधित अधिकार-धारकों के हैं।

*चित्र KAZUKIN के अनुभव पर आधारित काल्पनिक चित्रण हैं। असली दुकान या खाने से अलग हो सकते हैं। ये आधिकारिक तस्वीर या विज्ञापन नहीं हैं।